international hindi day poem/प्रेमलता शर्मा

आज विश्व हिंदी दिवस पर प्रेमलता शर्मा की रचना international hindi day poem सभी हिंदी भाषियों को समर्पित है जो विश्व के हर कोने में बसे है हिंदी का प्रचार -प्रसार कर रहे है

१० जनवरी २००६ से विश्व हिंदी दिवस की शुरुआत पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के कार्यकाल से हुई तभी से अंतराष्ट्रीय हिंदी दिवस विदेश मंत्रालय में मनाया जाने लगा |

विश्व हिंदी दिवस पर कविता


हिंदी हमारी आन है हिंदी हमारी शान है
हम हिंद के बाशिंदे हैं हिंदी हमारी जान हैं
बात आजकल की ही नहीं है
बरसों पुरानी बात है
कल भी थी आज भी है

हिंदी हिंद का ताज है
कौन भुला सकता है

बाल्मीकि और वेद व्यास को
कौन अनजान है

रामायण और महाभारत से
जीवन को आलोकित करते
दोहे कबीर सूरदास के
तुलसीदास की रामचरितमानस ने
आदर्श जीवन जीने का संदेश दिया
बुद्ध के उपदेशों ने

सही गलत का मार्ग प्रशस्त किया
प्रेमचंद की गोदान और कफन ने
एक निर्धन किसान की पीड़ा को बयां किया
कितनों के मैं   नाम गिनाऊं
अनगिनत हिंदी साहित्य के

यह वह सितारे हैं
हिंदी आज भी इन्हीं सितारों से

पश्चिम में भी सम्मानित है
हिंदी सिर्फ हिंद में ही नहीं

सात समुंदर पार भी अपनी छटा  बिखेरती हैं

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प्रेमलता शर्मा

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Abhimanyu

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